Last Holiday
जॉर्ज बर्ड एक साधारण कृषि मशीनों का सेल्समैन है जिसे अचानक पता चलता है कि उसके जीवन के बहुत कम दिन बाकी हैं। इस खबर से हिलकर वह अपने डॉक्टर की सलाह मानकर अपनी सारी बचत लेकर एक भव्य समुद्र तटीय रिसॉर्ट में एक आखिरी छुट्टी मनाने निकल पड़ता है। छोटा-सा जीवन, बड़ी उम्मीदें और एक अनिश्चित भविष्य — यही उसके कदमों की कहानी बन जाती है।
रिसॉर्ट की चमक-दमक और वैभव में जॉर्ज पहले तो आगंतुकों की दुनिया से अलग-सा महसूस करता है, पर जल्दी ही उसकी सरलता और उदारता लोगों का ध्यान खींचने लगती है। वह अपनी किसी भी चीज़ की कमी दूर करने के बजाय दूसरों के लिए उदार बनता है, और इस तरह उसके छोटे-अछूते कृत्य एक असामान्य गर्मजोशी पैदा कर देते हैं। हँसी और हल्की-फुल्की शिष्टता के बीच उसके निर्णयों में जीवन का नया अर्थ उभरता है।
उसका यह साहसिक कदम केवल अपनी तकलीफ़ों को भूलकर जीने की कोशिश नहीं, बल्कि दूसरों के साथ सच्चे जुड़ाव और मानवीय आत्मीयता की खोज बन जाता है। रिसॉर्ट के लोग उसकी सादगी और जिंदादिली से प्रभावित होते हैं, और एक आम आदमी के छोटे-छोटे फैसलों से बड़े प्रभाव पैदा हो जाते हैं। फिल्म में दर्द और हास्य की बारीक संतुलन से यह दिखता है कि कैसे एक व्यक्ति अपनी सीमित समय को अर्थपूर्ण बनाकर आसपास की दुनिया बदल सकता है।
कुल मिलाकर यह कहानी मौत के डर के बीच जीवन की खूबसूरती और मानव संबंधों की ताकत पर एक भावुक टिप्पणी है। जॉर्ज की यात्रा दर्शकों को याद दिलाती है कि असली संपत्ति पैसे में नहीं, बल्कि खुली हृदयता, साहस और दूसरों के लिए की गई सारी छोटी भलाइयों में निहित होती है।
Available Audio
Available Subtitles
Cast
No cast information available.